भीमा-कोरेगांव हिंसा मामला : प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई सहित 3 जजों ने अब तक खुद को सुनवाई से अलग किया

भीमा कोरेगांव हिंसा मामले की सुनवाई कर रहे सुप्रीम कोर्ट के सूत्रों ने स्पष्ट किया है कि अभी तक 3 सुप्रीम कोर्ट के जजों ने सुनवाई से खुद को अलग किया है. प्रधान न्यायाधीश जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस बीआर गवई, और जस्टिस रविन्द्र भट्ट ने खुद को सुनवाई से अलग किया था. जस्टिस गवई जिस तीन जजों की बेंच में शामिल थे, उसने इसलिए इनकार किया कि यह बेंच आगे भी चलने वाली है. 


आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट में भीमा कोरेगांव हिंसा मामले के आरोपी एक्टिविस्ट गौतम नवलखा की याचिका पर जस्टिस अरुण मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ मामले की सुनवाई करेगी.  इसमें जस्टिस अरुण मिश्रा के अलावा जस्टिस दीपक गुप्ता भी शामिल हैं. इससे पहले जस्टिस बी आर गवई, जस्टिस एस रविंद्र भट्ट सहित तीन जजों ने सुनवाई से खुद को अलग किया था. जिसके बाद सीजेआई जस्टिस रंजन गोगोई ने नई पीठ का गठन किया है.  


गौरतलब है कि गौतम नवलखा ने बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. हाईकोर्ट ने नवलखा के खिलाफ दर्ज FIR को रद्द करने से इनकार कर दिया था.


Popular posts
सामाजिक दूरी की लक्ष्मण रेखा को लांघना नहीं है
रुपए की शुरुआत बुधवार के कारोबारी ‎दिन मजबूती के साथ हुई है। डॉलर के मुकाबले रुपया आज 28 पैसे की मजबूती के साथ 73.81 के स्तर पर खुला है। व
Image
दुनियाभर में कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या में बड़ा इजाफा भारत में कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या 2590 तक पहुंची
इस कोरोना संकट से जो अंधकार और अनिश्चितता पैदा हुई है, उसे समाप्त करके हमें उजाले और निश्चितता की तरफ बढ़ना है। इस अंधकारमय कोरोना संकट को पराजित करने के लिए, हमें प्रकाश के तेज को चारो दिशाओं में फैलाना है।
अमेरिकी दूतावास के प्रवक्ता ने इंडिया टुडे को बताया कि वो भारतीय स्वास्थ्य अधिकारियों के संपर्क में हैं. प्रवक्ता ने कहा, 'हमको नई दिल्ली दूतावास के एक कर्मचारी के कोरोना वायरस की चपेट में आने की जानकारी है. हम भारतीय स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ मिलकर इस कर्मचारी को उचित उपचार उपलब्ध कराने की कोशिश कर रहे हैं. गोपनीयता के कारण हम इसके अतिरिक्त जानकारी साझा करने में सक्षम नहीं हैं.'